दिवाली की पूर्व संध्या पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने अपने आवास पर एक खास बैठक का आयोजन किया, जिसमें पार्टी के कई दिग्गज नेताओं ने हिस्सा लिया। इस कार्यक्रम का आयोजन चाय पर चर्चा के रूप में किया गया था, जो दीवाली मिलन के साथ-साथ आपसी विचार-विमर्श का भी अवसर था।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हुए शामिल
राहुल गांधी के आवास पर आयोजित इस बैठक में प्रियंका गांधी वाड्रा, सचिन पायलट, कुमारी शैलजा, हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू और अन्य कई वरिष्ठ नेताओं ने भाग लिया। इस मौके पर नेताओं ने इसे एक दोस्ताना मुलाकात बताते हुए, इसे दीवाली के उत्सव के रूप में भी देखा।
हालांकि, सूत्रों का कहना है कि इस बैठक में ‘वोट चोरी’ के मुद्दे पर भी गहन चर्चा हुई। पार्टी ने इस विषय पर भविष्य की रणनीति पर विचार-विमर्श किया और इसे ‘वोट बचाओ’ अभियान का हिस्सा बनाया गया।
राजनीतिक रणनीति पर चर्चा
बैठक में शामिल नेताओं ने ‘वोट बचाओ’ अभियान के तहत पार्टी की आगामी रणनीति पर विचार किया। यह चर्चा इस बात पर केंद्रित थी कि कैसे पार्टी को ‘वोट चोरी’ के मुद्दे पर आगे बढ़ना चाहिए और इसे लेकर जनता के बीच जागरूकता बढ़ानी चाहिए।
इस चर्चा में यह भी तय किया गया कि पार्टी के नेता विभिन्न राज्यों में जाकर इस मुद्दे पर जनता से संवाद करेंगे और उन्हें इस विषय पर जागरूक करेंगे।
दिवाली मिलन का अवसर
दिवाली के मौके पर आयोजित इस बैठक ने कांग्रेस के नेताओं को एक साथ आने का अवसर प्रदान किया। इस प्रकार की मुलाकातों से पार्टी में आपसी संवाद और एकजुटता को बढ़ावा मिलता है, जो कि आगामी चुनावों के लिए महत्वपूर्ण है।
दिवाली मिलन के इस आयोजन ने नेताओं को पार्टी की नीतियों और योजनाओं पर खुलकर चर्चा करने का भी अवसर दिया।
Source: BBC World News
