अमेरिका के गृह सुरक्षा विभाग (डीएचएस) के 41,000 से अधिक कर्मचारियों की जानकारी लीक हो गई है। इसमें आव्रजन और सीमा सुरक्षा में लगे हजारों अधिकारी शामिल हैं। लीक में नाम, कार्यस्थल और फोन नंबर शामिल हैं।
लीक का प्रभाव और प्रतिक्रिया
यह लीक हाल के हफ्तों में सरकारी एजेंसियों पर तीसरी बार हमला है। डीएचएस के प्रवक्ता ने कहा कि संभावित उल्लंघन के प्रति एजेंसी जागरूक है और स्थिति को जल्दी और प्रभावी ढंग से संबोधित कर रही है।
उन्होंने बताया कि कर्मचारियों और अधिकारियों के खिलाफ किसी भी सुरक्षा खतरे को गंभीरता से लिया जाएगा और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।
लीक की सामग्री और उद्देश्य
यह जानकारी ऑनलाइन सार्वजनिक कर दी गई है। ‘डिपार्टमेंट ऑफ पीस’ नामक समूह ने इसे प्राप्त किया और ‘डिस्ट्रीब्यूटेड डिनायल ऑफ सीक्रेट्स’ वेबसाइट पर पोस्ट किया।
डेटाबेस ‘आइसपिक’ में अधिकतर एजेंट सीमा सुरक्षा में काम करते हैं। लीक में कुछ नामी ऑपरेशन और उनकी तकनीक भी शामिल है।
डीएचएस के कोवर्ट ऑपरेशन और विफल ‘ब्लूलीक्स’ जांच के लिए जिम्मेदार अधिकारियों की पहचान की गई है।
प्रौद्योगिकी और सुरक्षा
डीएचएस एजेंट प्रोफाइल को ‘ओक्टा’ नामक सिंगल साइन-ऑन सेवा के माध्यम से एक्सेस किया गया। ओक्टा ने दावा किया कि उनके सिस्टम सुरक्षित हैं।
पिछले महीने, एफबीआई भी ‘शाइनीहंटर्स’ द्वारा हैक किया गया था।
आव्रजन नीति और विवाद
ट्रम्प प्रशासन के तहत आव्रजन गिरफ्तारियों और निर्वासन में वृद्धि हुई है। इस साल कई ऑपरेशन हिंसक हो गए हैं, जिसमें आईसीई एजेंटों ने कई लोगों को गोली मार दी है।
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के दोबारा ऑफिस में आने के बाद अमेरिका ने लगभग 1 मिलियन निर्वासन किए हैं।
Source: BBC World News
