उत्तर प्रदेश के कानपुर के पनकी इलाके में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहाँ रिटायर्ड डॉक्टर प्रेम प्रकाश श्रीवास्तव का शव उनके फ्लैट में पांच दिन तक पड़ा रहा, जबकि उनका बेटा विजय श्रीवास्तव उसी फ्लैट में रह रहा था। इस घटना का खुलासा तब हुआ जब उनकी बेटी अर्चना श्रीवास्तव धनतेरस के दिन मिठाई लेकर उनके घर पहुंची।
घटना का खुलासा
अर्चना श्रीवास्तव ने धनतेरस के अवसर पर एक नई कार खरीदी थी और वह पनकी मंदिर में पूजा-अर्चना करने गई थीं। पूजा के बाद वह अपने पिता डॉ. प्रेम प्रकाश श्रीवास्तव को प्रसाद और मिठाई देने के लिए उनके फ्लैट पर पहुंचीं। फ्लैट का दरवाजा खोलते ही उन्हें अंदर से दुर्गंध आई। जब उन्होंने अंदर जाकर देखा तो अपने पिता का शव सड़ी-गली हालत में पाया।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस के अनुसार, विजय मानसिक रूप से अस्वस्थ है और उसने पूछताछ के दौरान हंगामा भी किया।
पुलिस की कार्यवाही
पुलिस अधिकारी दिनेश बिस्ट ने बताया कि विजय श्रीवास्तव मानसिक रूप से ठीक नहीं हैं। जब पुलिस ने उनसे पूछताछ की तो वह हंगामा करने लगे। पुलिस ने उन्हें समझाने की कोशिश की, जिसके बाद वह शांत हुए।
अर्चना ने अपार्टमेंट में रहने वाले अन्य लोगों और पुलिस को मामले की जानकारी दी। पुलिस ने घटना स्थल से सबूत इकट्ठा किए और शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
यह घटना कानपुर के पनकी इलाके में रहने वाले लोगों के लिए एक बड़ी चिंता का विषय बन गई है। पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है।
Source: NDTV India
