सोने की बढ़ती कीमतों के बीच, कई लोग अपने बजट में फिट होने वाले गहनों की तलाश कर रहे हैं। ऐसे में 18 कैरेट सोने के गहने एक अच्छा विकल्प साबित हो सकते हैं। वेडिंग सीजन हो या धनतेरस का मौका, गहने खरीदना आम आदमी के बजट पर भारी पड़ता है। लेकिन थोड़ी समझदारी से आप बिना अपनी पसंद से समझौता किए हजारों रुपये बचा सकते हैं।
22 कैरेट और 18 कैरेट सोने का अंतर
सोने की शुद्धता के आधार पर कैरेट निर्धारित किए जाते हैं। 24 कैरेट सोना सबसे शुद्ध माना जाता है, जिसमें लगभग 99.9% सोना होता है। 22 कैरेट सोने में 91.6% सोना होता है, जबकि 18 कैरेट सोने में 75% शुद्ध सोना होता है। बाकी हिस्सा अन्य धातुओं जैसे तांबा और चांदी का होता है। इन धातुओं के मिश्रण से सोना अधिक मजबूत बनता है, जिससे यह डिजाइनर ज्वेलरी के लिए उपयुक्त होता है।
दो तोले के गहने पर कैसे होगी बचत?
यदि आप 20 ग्राम यानी दो तोले का हार बनवाने की सोच रहे हैं, तो 18 कैरेट सोने का चुनाव कर सकते हैं। 22 कैरेट सोने में 20 ग्राम के हार में लगभग 18.32 ग्राम शुद्ध सोना होता है, जबकि 18 कैरेट के हार में शुद्ध सोने की मात्रा 15 ग्राम होगी। इस तरह, शुद्ध सोने की मात्रा में 3.32 ग्राम की कमी आती है, जिससे कीमत में भी अंतर आता है।
कीमत का फर्क
इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, 22 कैरेट सोने का भाव 13,186 रुपये प्रति ग्राम है, जबकि 18 कैरेट का मूल्य 10,796 रुपये प्रति ग्राम है। इस तरह दोनों की कीमतों में 2,390 रुपये प्रति ग्राम का अंतर है। 20 ग्राम के गहने पर यह अंतर 47,800 रुपये तक हो सकता है। हालांकि, मेकिंग चार्ज और जीएसटी जैसी अतिरिक्त लागतें भी कीमत को प्रभावित करती हैं।
खरीदते समय ध्यान देने योग्य बातें
18 कैरेट का हार खरीदते समय उसकी शुद्धता का हॉलमार्क जरूर जांचें। हॉलमार्क पर 18K या 750 लिखा होना चाहिए, जिसका मतलब है कि गहने में 75% शुद्ध सोना है। हालांकि, कम शुद्धता का मतलब यह भी है कि भविष्य में रीसेल वैल्यू कम हो सकती है।
Source: NDTV India
